जो भी व्यक्ति एक लंबी समय अवधि के लिए निवेश योजना से जुड़ना चाहते हैं और अपने निवेश किए गए पैसे को पूर्ण रूप से सुरक्षित रखना चाहते हैं साथ ही एक अच्छा रिटर्न प्राप्त करना चाहते हैं तो आपके लिए हमें आर्टिकल में एक बेहतरीन स्कीम के बारे में बताने जा रहे हैं।
इस आर्टिकल के माध्यम से हम आप सभी को भारतीय स्टेट बैंक के द्वारा चलाई जाने वाली पीपीएफ योजना के बारे में विस्तार पूर्वक बताने वाले हैं जो ऐसे लोगों के लिए एक अच्छा विकल्प साबित हो कि जो लंबी समय अवधि के लिए पैसा सुरक्षित रखना चाहते हैं और इसके बदले में अच्छा रिटर्न प्राप्त करना चाहते हैं।
अगर आपको भी भारतीय स्टेट बैंक की पीपीएफ योजना से जुड़ना है तो आपको आर्टिकल में बताई जाने वाली जानकारी को ध्यानपूर्वक पढ़ना होगा जिससे इस योजना की संपूर्ण जानकारी आपको पता लग जाए। आपको बता दे किया है पीपीएफ योजना एक दीर्घकालिक एवं सुरक्षित बचत विकल्प है जो टैक्स फ्री रिटर्न उपलब्ध करवाती है।
SBI PPF Scheme
जो भी व्यक्ति अपने भविष्य को आर्थिक रूप से सुरक्षित एवं मजबूत बनाना चाहते हैं और वह एक ऐसी योजना की तलाश में है जो आपके पैसों को सुरक्षित रखें बल्कि आपको एक अच्छा रिटर्न भी प्रदान करे तो आपके लिए एसबीआई की पब्लिक प्रोविडेंट फंड योजना एक शानदार विकल्प मौजूद हो सकती है और आप इससे जुड सकते है।
यह योजना सरकारी गारंटी के साथ आती है और लंबी अवधि में टैक्स-फ्री रिटर्न प्रदान करती है। इस योजना के अंतर्गत आप ₹90000 का वार्षिक निवेश करके 15 वर्षों में 24,40,926 तक की राशि को प्राप्त कर सकते हैं और यह योजना सरकारी गारंटी और टैक्स छूट इसे सबसे भरोसेमंद बनाती हैं।
पीपीएफ योजना के फायदे
- एसबीआई पीपीएफ योजना सरकार की गारंटी होती है जिसमें आपके द्वारा जमा किए गए पैसे पर किसी प्रकार का कोई भी वित्तीय जोखिम नहीं होता है।
- इस योजना के अंतर्गत जमा किए गए पैसे, मिलने वाला ब्याज एवं मैच्योरिटी राशि तीनों पूर्ण रूप से टैक्स फ्री होते है।
- योजना में आप 15 साल की अवधि के लिए जुड़ सकते हैं इसके अलावा आप इस खाते को पांच अधिक वर्ष के लिए तक जारी रख सकते हैं।
- इसके अलावा पैसे की जरूरत पड़ने पर आप 5 साल के बाद इसमें आंशिक निकासी भी कर सकते हैं।
पीपीएफ ब्याज दर
एसबीआई पीपीएफ खाता हर वर्ष के निवेश पर आपको 7.01% की ब्याज दर उपलब्ध करवाता है जो एक समय के साथ में आपके निवेश किए गए पैसे को बढ़ाता है। इसके अलावा यह योजना कंपाउंड इंटरेस्ट पर आधारित है यानी कि हर वर्ष ब्याज आपके मूलधन में जुड़ जाता है और अगला ब्याज इस नई राशि पर जोड़ा जाता है।
15 साल बाद क्या करना होगा
आप सभी खाताधारकों के लिए पीपीएफ खाता मैच्योरिटी के बाद तीन आप्शन उपलब्ध करवाता है जो निम्नलिखित है :-
- पूर्ण जमा राशि एवं ब्याज को आप एक साथ निकाल सकते हैं।
- खाते को बंद करने के अलावा आप इसको 5 साल के लिए और भी बढ़ा सकते हैं।
- आप सभी खाताधारक नए निवेश के लिए खाता जारी रख सकते हैं।
एसबीआई पीपीएफ योजना के तहत निवेश की प्रक्रिया
भारतीय स्टेट बैंक की इस पीपीएफ योजना के अंतर्गत आप सभी खाताधारक 1 वर्ष में न्यूनतम ₹500 से लेकर अधिकतम 150000 रुपए तक का निवेश कर सकते हैं और अगर इसे उदाहरण तौर पर समझे तो आप हर वर्ष 90000 रुपए तक जमा करते हैं।
तो फिर आपको 15 साल बाद यह राशि ब्याज के साथ में लगभग 24,40,926 रूपये तक हो जाएगी और इसमें आपका अपना योगदान केवल 13,50,000 का रहेगा जबकि शेष 10,90,000 आपको केवल ब्याज के माध्यम से ही प्राप्त हो जाएंगे।
एसबीआई पीपीएफ योजना के तहत खाता कैसे खोलें?
स्टेट बैंक ऑफ़ इंडिया के अंतर्गत एसबीआई पीपीएफ बैंक अकाउंट खोलने के लिए आप सभी नीचे दिए गए निम्नलिखित स्टेप्स को फॉलो कर सकते हैं :-
- पीपीएफ खाता खोलने के लिए सबसे पहले आपके नजदीकी एसबीआई ब्रांच में जाना होगा।
- इसके बाद मैं आपको वहां जाकर आवेदन संबंधित जानकारी प्राप्त करनी है।
- आप सभी को एप्लीकेशन फॉर्म प्राप्त करना है और उसमें आवश्यक जानकारीदर्ज करनी है।
- इसके बाद आपको आधार कार्ड पैन कार्ड पासपोर्ट साइज फोटो जैसी आवश्यक दस्तावेज अटैच करने है।
- इसके बाद में आप सभी को अपना आवेदन फार्म जमा कर देना है।
- इसके बाद अधिकारियों द्वारा आवेदन फार्म का सत्यापन किया जाएगा।
- सब कुछ सही पाए जाने के बाद आपका पीपीएफ बैंक अकाउंट खुल जाएगा।